PRTC बस में ऑनलाइन भुगतान को लेकर विवाद, बीच रास्ते रुकी बस; यात्रियों को उठानी पड़ी परेशानी
डिजिटल भुगतान की सुविधा को लेकर उठे सवाल, सोशल मीडिया लाइव के बाद मामला चर्चा में
बरनाला: पंजाब रोडवेज ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (PRTC) की एक बस में ऑनलाइन भुगतान को लेकर हुए विवाद ने सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में डिजिटल सुविधाओं की उपलब्धता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बरनाला डिपो की बस में एक यात्री और कंडक्टर के बीच टिकट भुगतान को लेकर हुई बहस के कारण कुछ समय के लिए बस बीच रास्ते में रुक गई, जिससे अन्य यात्रियों को भी असुविधा का सामना करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, तपा मंडी से बरनाला की ओर जा रही बस में सवार एक यात्री ने टिकट (PRTC) का भुगतान गूगल पे के माध्यम से करने की इच्छा जताई। यात्री का कहना था कि उसके पास नकद राशि उपलब्ध नहीं थी। वहीं, कंडक्टर ने कथित तौर पर यह कहते हुए ऑनलाइन भुगतान लेने से इनकार कर दिया कि बस में ऐसी कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है।
दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ने के बाद बस कुछ समय के लिए सड़क पर ही रोक दी गई। इस दौरान बस में मौजूद अन्य यात्रियों की भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आईं। बाद में एक अन्य यात्री ने नकद भुगतान कर स्थिति को सामान्य किया, जिसके बाद बस अपने गंतव्य की ओर रवाना हो सकी।
घटना के दौरान संबंधित यात्री ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर अपनी नाराजगी जाहिर की और दावा किया कि शिकायत दर्ज कराने के लिए उसने परिवहन विभाग के हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उसे अपेक्षित सहायता नहीं मिल सकी।
इस घटनाक्रम के बाद सरकारी परिवहन सेवाओं में डिजिटल भुगतान की सुविधा और शिकायत निवारण प्रणाली की प्रभावशीलता को लेकर बहस तेज हो गई है। हालांकि, इस मामले में परिवहन विभाग या पीआरटीसी प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के दौर में सार्वजनिक परिवहन सेवाओं में भी आधुनिक सुविधाओं के विस्तार की आवश्यकता है, ताकि यात्रियों को बेहतर और सुविधाजनक सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें।





