विदेश में तीन युवाओं की रहस्यमयी मौत: शव वतन लाने को जूझ रहे परिवार, सांसद ने मांगा केंद्र से हस्तक्षेप
अमेरिका और कनाडा में एक सप्ताह के भीतर दो युवतियों व एक युवक की मौत; आर्थिक तंगी से जूझते परिजन
Punjab:पंजाब के विभिन्न जिलों से बेहतर भविष्य की तलाश में विदेश गए तीन युवाओं की एक सप्ताह के भीतर संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने से पूरे प्रदेश में शोक की लहर है। मृतकों में दो युवतियां और एक युवक शामिल हैं। परिवार आर्थिक तंगी और जटिल कानूनी प्रक्रियाओं के कारण अपने बच्चों के पार्थिव शरीर भारत लाने में असहाय महसूस कर रहे हैं।
ताजा मामला लुधियाना जिले के एक गांव के युवक का है, जो परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए वर्ष 2024 में अमेरिका गया था। हाल ही में उसकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, मौत के कारणों की अभी तक स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पाई है और शव को भारत लाने का खर्च उनके लिए वहन करना मुश्किल है। गांव के लोग और परिचित अब सोशल मीडिया के जरिए आर्थिक सहायता जुटाने में लगे हैं।
इसी तरह, कनाडा में भी दो अलग-अलग घटनाओं में पंजाब की दो युवतियों की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। एक युवती का शव उसके निवास स्थान के पास मिला, जबकि दूसरी का शव एक सार्वजनिक स्थल पर पाया गया। दोनों मामलों में परिवारों को पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है, जिससे मौत के कारणों का खुलासा हो सके।
इन घटनाओं ने परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। परिजन अपने बच्चों के शव को वतन लाने के लिए लगातार सरकारी मदद की गुहार लगा रहे हैं। कानूनी प्रक्रियाओं और विदेशों में होने वाली जांच के चलते यह प्रक्रिया लंबी और महंगी साबित हो रही है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए फतेहगढ़ साहिब से सांसद डॉ. अमर सिंह बोपाराय ने विदेश मंत्रालय से हस्तक्षेप करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि वे प्रभावित परिवारों के संपर्क में हैं और केंद्र सरकार से अनुरोध किया गया है कि शवों को भारत लाने की प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा कराया जाए।
सांसद ने आश्वासन दिया कि सरकार इन परिवारों की हर संभव मदद करेगी और संबंधित एजेंसियों से समन्वय कर आवश्यक कार्रवाई तेज की जाएगी।





