मा० मंत्री श्रम एवं सेवायोजन द्वारा किया गया कौशल विकास तकनीकी उन्नयन एवं प्रमाणन व्यवस्था योजना के अंतर्गत आरपीएल योजना का शुभारंभ श्रमिकों को हो सकेगी कुशल श्रेणी के अनुरूप न्यूनतम मजदूरी प्राप्त
लखनऊ -: ( 24 दिसम्बर, 2025 )-: उ०प्र० भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा संचालित कौशल विकास तकनीकी उन्नयन एवं प्रमाणन योजना के अन्तर्गत योजना में पजीकृत निर्माण श्रमिकों को प्रशिक्षण प्रदान किये जाने हेतु दिनांक 23.12.2025 को मा० मंत्री, श्रम एवं सेवायोजन, समन्वय विभाग, उत्तर प्रदेश द्वारा ओमेक्स रिपब्लिक, अर्जुनगंज, लखनऊ से योजना का शुभारम्भ किया गया।
प्रदेश सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि प्रत्येक श्रमिक का जीवन सुरक्षित, सशक्त और सम्मानजनक बने। इसी सोच के अत्तर्गत उ०प्र० भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा निर्माण श्रमिकों को उनमें कौशल सम्बन्धी दक्षता बढ़ाने एवं तकनीकी उन्नयन के उद्देश्य से आवश्यक प्रशिक्षण सुलभ कराये जाने हेतु ’’कौशल विकास तकनीकी उन्नयन एवं प्रमाणन योजना’’ का संचालन किया जा रहा है। आज यह बताते हुए मुझे गर्व हो रहा है कि उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अंतर्गत लगभग 01 करोड़ 89 लाख निर्माण श्रमिक पंजीकृत हैं।
इस योजना के माध्यम से पंजीकृत निर्माण श्रमिको को त्च्स् (त्मबवहदपजपवद व िच्तपवत स्मंतदपदह) के तहत आधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण प्रदान कराये जाने हेतु बी०ओ०सी०डब्ल्यू० बोर्ड एवं दत्तोपंत ठेंगड़ी राष्ट्रीय श्रमिक शिक्षा एवं विकास बोर्ड के मध्य एम०ओ०यू० हस्ताक्षरित किया गया है। योजना के प्रथम चरण में प्रदेश के 07 जनपदों गौतमबुद्धनगर, गाजियाबाद, लखनऊ, अयोध्या वाराणसी, गोरखपुर एवं झांसी में प्रशिक्षण कराया जा रहा है। इस चरण में कुल 01 लाख पंजीकृत श्रमिकों को विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया, जिसके अन्तर्गत प्रथम फेज में 20,000 श्रमिकों को प्रशिक्षण दिया जायेगा। प्रशिक्षण प्रदाता संस्था निटकॉन लिमिटेड (सरकारी और सार्वजनिक क्षेत्र के संगठन) द्वारा श्रमिकों को प्रशिक्षित किया जायेगा।
बी०ओ०सी०डब्ल्यू बोर्ड द्वारा श्रमिकों को प्रशिक्षण अवधि के दौरान होने वाली मजदूरी हानि की भरपाई डी०बी०टी० के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में स्थानान्तरित की जाएगी, ताकि किसी भी श्रमिक को आर्थिक कठिनाई न हो।
प्रशिक्षण पूर्ण होने के उपरांत श्रमिकों को छब्टम्ज् से प्रमाणित प्रमाण-पत्र प्रदान किया जाएगा, जो न केवल देश में बल्कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी मान्य होगा। इससे श्रमिकों को कुशल श्रेणी के अनुरूप न्यूनतम मजदूरी प्राप्त हो सकेगी तथा राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी उपलब्ध होंगे, जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी। कार्यक्रम में डॉ० एम०के० शन्मुगा सुन्दरम् प्रमुख सचिव, श्रम एवं सेवायोजन, कुणाल सिल्कू विशेष सचिव श्रम, पूजा यादव, सचिव बी०ओ०सी०डब्ल्यू० बोर्ड सतविंदर सिंह मैनेजिंग डायरेक्टर, निटकॉन लिमिटेड, प्रमोद कुमार, क्षेत्रीय निदेशक डीटीएनबीडब्ल्यूईडी दपजबवद के अन्य अधिकारीगण तथा बड़ी संख्या में श्रमिकगण उपस्थित रहे।


