हाईटेक होगी पहाड़ों की रानी: मसूरी की माल रोड पर दौड़ेंगी 40 नई गोल्फकार्ट, DM सविन बंसल की पहल लाई रंग

देहरादून-: पर्यटन नगरी मसूरी को जाम और प्रदूषण से मुक्त कर ‘स्मार्ट टूरिस्ट डेस्टिनेशन’ बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने एक बड़ी छलांग लगाई है। जिलाधिकारी सविन बंसल के प्रयासों से मसूरी की सड़कों पर जल्द ही 40 अतिरिक्त गोल्फकार्ट फर्राटा भरती नजर आएंगी। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए इसी माह जिला प्रशासन और भारत सरकार की नवरत्न कंपनी आरईसी (REC) फाउंडेशन के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए जाएंगे।
जिलाधिकारी सविन बंसल की पैरवी पर आरईसी फाउंडेशन ने अपने सीएसआर फंड से ₹3.36 करोड़ की धनराशि स्वीकृत की है। इस महीने होने वाले एमओयू हस्ताक्षर कार्यक्रम में आरईसी के प्रबंध निदेशक और भारत सरकार के अपर सचिव स्वयं शिरकत करेंगे। इस दौरान स्थानीय विधायक व कैबिनेट मंत्री और रिक्शा यूनियन के पदाधिकारियों की मौजूदगी में इस आधुनिक परिवहन सेवा की औपचारिक शुरुआत की जाएगी।
वर्तमान में मसूरी में 14 गोल्फकार्ट संचालित हैं, जिनकी संख्या अब बढ़कर 54 हो जाएगी। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य माल रोड और कैमलबैक रोड पर निजी वाहनों के दबाव को कम करना है। यह सेवा विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों और पर्यटकों के लिए वरदान साबित होगी। ई-गोल्फकार्ट के चलने से न केवल पर्यावरण सुरक्षित रहेगा, बल्कि माल रोड पर पैदल चलने वाले पर्यटकों को भी सुरक्षित और शांत माहौल मिलेगा।
इस परियोजना का सबसे मानवीय पहलू पारंपरिक रिक्शा चालकों का सशक्तिकरण है। डीएम सविन बंसल ने बताया कि इन गोल्फकार्टों के संचालन की जिम्मेदारी प्रशिक्षित रिक्शा चालकों को दी गई है, जिससे उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। प्रशासन ने चार्जिंग स्टेशन, पार्किंग और रूट चार्ट की सभी तैयारियां पहले ही पूरी कर ली हैं।
बता दें कि मसूरी में यातायात प्रबंधन की यह ऐतिहासिक योजना दिसंबर 2024 में मात्र 4 गोल्फकार्ट के साथ शुरू हुई थी। एक साल के भीतर ही डीएम के विजनरी नेतृत्व में इसे व्यापक विस्तार मिला है। जिला प्रशासन का मानना है कि यह कदम मसूरी को अंतरराष्ट्रीय स्तर के पर्यटन मानकों पर खड़ा करने में मील का पत्थर साबित होगा।

