हरियाणा में महिला आईटीआई की सीटें पड़ी है खाली ,ड्रोन पायलट ट्रेड में नहीं हुआ एक भी प्रवेश
पहले चरण की काउंसलिंग में छात्राओं की कम रुचि, मूलचंद राजकीय ITI में भी 176 सीटें रिक्त; अगले चरण से बढ़ी उम्मीद
अंबाला: हरियाणा में आईटीआई प्रवेश प्रक्रिया के पहले चरण के आंकड़ों ने तकनीकी शिक्षा में छात्राओं की रुचि को लेकर चिंता बढ़ा दी है। अंबाला स्थित राजकीय महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) में कुल 404 सीटों में से केवल 129 सीटों पर ही प्रवेश हो सका, जबकि 275 सीटें अब भी खाली हैं। सबसे अधिक ध्यान आकर्षित करने वाली बात यह रही कि ड्रोन पायलट (जूनियर) ट्रेड की 24 में से एक भी सीट पर प्रवेश नहीं हुआ।
संस्थान के अनुसार कई पारंपरिक और आधुनिक रोजगारपरक ट्रेडों में भी अपेक्षा से कम आवेदन प्राप्त हुए हैं। अब खाली सीटों को भरने के लिए आगामी काउंसलिंग चरण से उम्मीदें जुड़ी हैं।
इन ट्रेडों में भी कम रहे दाखिले
प्रवेश आंकड़ों के अनुसार कंप्यूटर ऑपरेटर एंड प्रोग्रामिंग असिस्टेंट (COPA), कॉस्मेटोलॉजी, कंप्यूटर हार्डवेयर एंड नेटवर्क मेंटेनेंस, डेंटल लैबोरेटरी इक्विपमेंट टेक्नीशियन, ड्राफ्ट्समैन (सिविल), ड्राफ्ट्समैन (मैकेनिकल) और मैकेनिक कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे ट्रेडों में भी बड़ी संख्या में सीटें रिक्त हैं।
सिलाई एवं परिधान से जुड़े ट्रेडों में भी अपेक्षित संख्या में प्रवेश नहीं हुए, जिससे कई सीटें खाली रह गईं।
मूलचंद राजकीय ITI में भी धीमी रही प्रवेश प्रक्रिया
अंबाला के मूलचंद राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में भी पहले चरण में प्रवेश की रफ्तार धीमी रही। संस्थान में अब तक 60 सीटों पर ही दाखिला हुआ है, जबकि 176 सीटें अभी भी खाली हैं।
वेल्डर, ड्राफ्ट्समैन (सिविल), इंस्ट्रूमेंट मैकेनिक, टर्नर, मशीनिस्ट, इलेक्ट्रीशियन, फिटर, वायरमैन, स्टेनोग्राफर (हिंदी) और COPA सहित कई ट्रेडों में अभी भी प्रवेश के अवसर उपलब्ध हैं।
अगले चरण की काउंसलिंग पर नजर
आईटीआई प्रशासन को उम्मीद है कि आगामी काउंसलिंग चरण में अधिक छात्र-छात्राएं प्रवेश लेंगे और रिक्त सीटों की संख्या कम होगी। विशेष रूप से ड्रोन पायलट जैसे नए और उभरते तकनीकी ट्रेडों में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता महसूस की जा रही है, ताकि भविष्य की रोजगार संभावनाओं का लाभ अधिक युवाओं तक पहुंच सके।





