विदेशों में भारतीयों की मौत पर संसद में रिपोर्ट: सऊदी अरब और UAE में सबसे अधिक मामले, सरकार ने बताए सुरक्षा उपाय
लोकसभा में केंद्र सरकार ने 2023-2025 के आंकड़े किए साझा; प्रवासी भारतीयों की सुरक्षा और सहायता व्यवस्था पर भी दी जानकारी
नई दिल्ली: विदेशों में रह रहे भारतीय नागरिकों की मौत से जुड़े मामलों पर केंद्र सरकार ने लोकसभा में विस्तृत आंकड़े पेश किए हैं। संसद में दी गई जानकारी के अनुसार, वर्ष 2023 से 2025 के दौरान सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में भारतीय नागरिकों की सबसे अधिक मौतें दर्ज की गईं। सरकार ने इसके साथ ही प्रवासी भारतीयों की सुरक्षा, कानूनी सहायता और आपातकालीन सेवाओं के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की भी जानकारी दी।
विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने सोनीपत से कांग्रेस सांसद सतपाल ब्रह्मचारी और हिसार से सांसद जयप्रकाश (जेपी) के प्रश्नों के लिखित उत्तर में यह जानकारी लोकसभा में दी।
सऊदी अरब में सबसे अधिक मौतें दर्ज
सरकार के आंकड़ों के अनुसार, सऊदी अरब में 2023-2025 के दौरान भारतीय नागरिकों की मौत के मामलों में:
- प्राकृतिक कारणों से 6,376
- कार्यस्थल दुर्घटनाओं में 182
- आत्महत्या के 354
- अपराध से जुड़े 29
- अन्य कारणों से 1,040 मौतें दर्ज की गईं।
UAE दूसरे स्थान पर
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में इसी अवधि के दौरान:
- प्राकृतिक कारणों से 5,702
- कार्यस्थल दुर्घटनाओं में 128
- आत्महत्या के 511
- अपराध से जुड़े 25
- अन्य कारणों से 1,092 भारतीय नागरिकों की मौत दर्ज की गई।
सरकार ने बताया कि अमेरिका, कुवैत, ओमान, मलेशिया, इटली और कतर भी उन देशों में शामिल हैं, जहां इस अवधि में भारतीय नागरिकों की उल्लेखनीय संख्या में मौतें दर्ज हुईं।
हरियाणा के युवाओं के लिए अहम मुद्दा
यह विषय विशेष रूप से हरियाणा जैसे राज्यों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जहां बड़ी संख्या में युवा रोजगार के लिए खाड़ी देशों और अन्य विदेशों में कार्यरत हैं। सांसदों ने प्रवासी भारतीयों की कार्य परिस्थितियों, सामाजिक सुरक्षा, मानसिक स्वास्थ्य, बीमा दावों, कानूनी सहायता तथा मृत्यु की स्थिति में पार्थिव शरीर को भारत लाने की प्रक्रिया पर भी सरकार से जानकारी मांगी।
सरकार ने गिनाईं सहायता योजनाएं
केंद्र सरकार ने कहा कि प्रवासी भारतीयों की सुरक्षा उसकी प्राथमिकता है। इसके लिए कई व्यवस्थाएं संचालित की जा रही हैं, जिनमें:
- प्रवासी भारतीय सहायता केंद्र (PBSK)
- 24×7 हेल्पलाइन
- MADAD पोर्टल
- CPGRAMS
- e-Migrate Portal
- Indian Community Welfare Fund (ICWF)
- Pravasi Bharatiya Bima Yojana (PBBY)
- e-Care Portal
सरकार के अनुसार, e-Care Portal के माध्यम से विदेश में मृत भारतीय नागरिकों के पार्थिव शरीर को भारत लाने की अनुमति 48 घंटे के भीतर उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।





