लखनऊ: आईपीएल 2026 के प्लेऑफ की रेस अब अपने अंतिम पड़ाव पर है, और पंजाब किंग्स के लिए शनिवार का दिन ‘करो या मरो’ जैसा होगा. कप्तान श्रेयस अय्यर की अगुआई में पंजाब की टीम लखनऊ के अटल बिहारी वाजपेयी इकाना स्टेडियम में मेजबान लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) से भिड़ेगी. इस मैच में जीत ही पंजाब के प्लेऑफ के सपने को हर हाल में जिंदा रख सकती है. गुरुवार को नेट सेशन के दौरान श्रेयस अय्यर और पूरी पंजाब टीम काफी शांत और आत्मविश्वास से भरी नजर आई.
प्लेऑफ का गणित हुआ बेहद दिलचस्प: अब टीम का समीकरण बिल्कुल सीधा है कि मैच जीतो और टॉप-4 की रेस में बने रहो. सीजन की शुरुआत में 14 अंक प्लेऑफ के लिए काफी माने जा रहे थे, जबकि 16 अंक पूरी तरह सुरक्षित आंकड़ा था. लेकिन अब सिर्फ एक मैच बाकी है और पंजाब का सफर इसी आखिरी मुकाबले और दूसरी टीमों के नतीजों पर टिका है. पंजाब किंग्स का यह सीजन बेहद उतार-चढ़ाव भरा और घटनापूर्ण रहा है.
अजेय शुरुआत के बाद लगातार छह हार: टीम ने सीजन की धमाकेदार शुरुआत की थी और शुरुआती छह मैचों में अजेय रहते हुए पांच जीत दर्ज की थी. एक मैच बेनतीजा रहने के साथ पंजाब ने अंक तालिका में शीर्ष स्थान भी हासिल किया था. उस समय टीम सबसे संतुलित और खतरनाक दिख रही थी क्योंकि खिलाड़ियों की भूमिका स्पष्ट थी. बल्लेबाज शुरू से ही आक्रामक रुख अपनाते थे, जबकि गेंदबाजों ने सही समय पर विकेट निकालकर मैच का रुख पलटा.

PBKS vs LSG: सात पारियों में 5 बार लुटाए 200+ रन
कप्तान श्रेयस अय्यर ने सामने से किया लीड: कूपर कॉनोली 473 रनों के साथ इस सीजन में टीम के टॉप स्कोरर रहे हैं. उनके अलावा प्रभसिमरन सिंह ने 441, कप्तान श्रेयस अय्यर ने 397, प्रियांश आर्या ने 364 और मार्कस स्टोइनिस ने 216 रन बनाकर अहम योगदान दिया. यह बल्लेबाजी क्रम बड़े लक्ष्य का पीछा करने और विशाल स्कोर खड़ा करने, दोनों में पूरी तरह सक्षम है. इन सबके केंद्र में कप्तान श्रेयस अय्यर रहे हैं जिन्होंने मुश्किल समय में टीम को सामने से लीड किया है.
पंजाब की गेंदबाजी चिंता का बड़ा विषय: अय्यर ने सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ 33 गेंदों में नाबाद 69 रन की पारी समेत दबाव में कई मैच जिताऊ पारियां खेली हैं. एलएसजी के खिलाफ होने वाले इस अहम मुकाबले में भी सबकी नजरें अय्यर पर ही टिकी होंगी. उन्होंने सिर्फ रन ही नहीं बनाए, बल्कि ड्रेसिंग रूम में शांति और भरोसा भी वापस लाया है. जहां बल्लेबाजी ने पंजाब को ज्यादातर मैचों में बचाया, वहीं गेंदबाजी में निरंतरता की भारी कमी दिखी.
रिकी पोंटिंग की होगी असली अग्निपरीक्षा: अर्शदीप सिंह 14 विकेट लेकर टीम के सबसे सफल गेंदबाज रहे हैं, जबकि युजवेंद्र चहल और मार्को यानसेन ने क्रमश: 10 और 7 विकेट लेकर उनका साथ दिया. टीम के गति, स्पिन और धीमी गेंदों का अच्छा मिश्रण है, जिससे कई रणनीतिक विकल्प मिलते हैं. लेकिन सात पारियों में पांच बार 200 से ज्यादा रन लुटाना टीम के लिए बड़ी चिंता का विषय है. इस कमजोरी की भरपाई अक्सर बल्लेबाजों को ही करनी पड़ी है.
क्या पंजाब किंग्स का सपना होगा पूरा: हेड कोच रिकी पोंटिंग के लिए भी यह आखिरी लीग मैच किसी कड़ी अग्निपरीक्षा जैसा होने वाला है. देखना होगा कि क्या वह एलएसजी के खिलाफ इस नॉकआउट मुकाबले में कोई नया ‘एक्स-फैक्टर’ लेकर आते हैं. पंजाब किंग्स अपने आखिरी लीग मैच में यह जानते हुए उतरेगी कि एक मजबूत प्रदर्शन उनके आईपीएल 2026 के सपने को जिंदा रख सकता है. अगर टीम प्लेऑफ में पहुंचती है, तो श्रेयस अय्यर की कप्तानी और निरंतरता को ही इसका सबसे बड़ा श्रेय जाएगा.
ऋषभ पंत की फॉर्म पर बोले बल्लेबाजी कोच: लखनऊ टीम के बल्लेबाजी कोच ने कहा कि इस हार के लिए केवल कप्तान और कोचिंग स्टाफ को सीधे-सीधे जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता. यह खराब परफॉर्मेंस हमारी पूरी टीम की सामूहिक जिम्मेदारी है. क्रिकेट एक ऐसा गेम है जिसमें प्रैक्टिस की जाती है और तैयारी की जाती है, लेकिन जीत की कोई गारंटी नहीं होती. उन्होंने भरोसा जताया कि ऋषभ पंत जल्द ही खराब फार्म से उबर जाएंगे और वह बेहतरीन फॉर्म में बल्लेबाजी करेंगे.
लखनऊ को हल्के में नहीं ले रहे पोंटिंग: कोच ने आगे कहा कि जोश इंग्लिश अगर पहले टीम में आ गए होते तो टीम को ज्यादा फायदा होता. दूसरी तरफ, पंजाब किंग्स के हेड कोच रिकी पोंटिंग ने कहा कि हमारे लिए यह करो या मरो का मैच है मगर दबाव बाकी मैचों की तरह ही सामान्य है. मैं कल के मैच के लिए बहुत उत्साहित हूं, क्योंकि लखनऊ जैसी स्थिति में है, ऐसी स्थिति में टीम और भी खतरनाक हो सकती है. उनके पास खोने के लिए कुछ भी नहीं है और हमारे मुख्य गेंदबाज अर्शदीप सिंह भी अपनी गेंदबाजी के फॉर्म में वापसी कर रहे हैं.