मोरबी हादसे पर 14 नवंबर को जनहित याचिका पर सुनवाई

मोरबी (the hearing) पुल हादसे पर पुल के गिरने से 130 से अधिक लोगों की मौत हो गई और लगभग 100 घायल हो गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक लगभग आठ महीने तक पुल को मेंटेनेंस के लिए बंद रखा गया था और मरम्मत का काम एक निजी एजेंसी को सौंपा गया था। राज्य सरकारों को पर्यावरण को नुकसान के बिना निर्माण और सुरक्षा सुनिश्चित (the hearing) करने के लिए पुराने और जोखिम भरे स्मारकों और पुलों के सर्वेक्षण के लिए एक समिति बनाने के निर्देश देने की मांग की गई है।
पुल का रखरखाव व संचालन करने वाली ओरेवा फर्म पर ताला पड़ा मिला है। अभी तक इस मामले में ओरेवा कंपनी के मैनेजर समेत नौ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। भारत के मुख्य न्यायाधीश यूयू ललित और न्यायमूर्ति एम त्रिवेदी की पीठ ने याचिका पर फैसला लिया। वहीं गुजरात सरकार ने पुल ढहने की घटना की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति का भी गठन किया है।


