हरियाणा बना देश का स्पोर्ट्स पावरहाउस: 12 साल में खिलाड़ियों को ₹730 करोड़, गोल्ड मेडल पर ₹6 करोड़ और सरकारी नौकरी
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी बोले- विश्वस्तरीय खेल सुविधाओं, प्रोत्साहन राशि और रोजगार नीति से मजबूत हुआ हरियाणा का खेल मॉडल
चंडीगढ़: हरियाणा सरकार का दावा है कि राज्य आज देश का प्रमुख स्पोर्ट्स पावरहाउस बन चुका है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि बीते 12 वर्षों में राज्य सरकार ने 17,182 खिलाड़ियों को लगभग ₹730 करोड़ की प्रोत्साहन राशि सीधे उनके बैंक खातों में हस्तांतरित की है। साथ ही, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को ₹6 करोड़ तक का नकद पुरस्कार और उत्कृष्ट खिलाड़ियों को सरकारी नौकरियां भी दी जा रही हैं।
नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित स्पोर्ट्स, फिटनेस एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर एक्सपो को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की कुल आबादी में हरियाणा की हिस्सेदारी लगभग दो प्रतिशत है, लेकिन ओलंपिक, पैरालंपिक, एशियाई खेलों और राष्ट्रमंडल खेलों में राज्य के खिलाड़ियों का प्रदर्शन लगातार उल्लेखनीय रहा है।
17,182 खिलाड़ियों को मिला आर्थिक प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री के अनुसार, पिछले 12 वर्षों में 17,182 खिलाड़ियों को कुल ₹730 करोड़ की प्रोत्साहन राशि दी गई है। ओलंपिक, एशियाई खेल और राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ियों के लिए ₹6 करोड़ तक का पुरस्कार निर्धारित है। इसके अलावा 260 उत्कृष्ट खिलाड़ियों को ग्रुप-ए, ग्रुप-बी और ग्रुप-सी श्रेणियों में सीधी सरकारी नियुक्ति भी प्रदान की गई है।
खेल ढांचे पर ₹1,100 करोड़ का निवेश
सरकार ने बताया कि राज्य में खेल बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए पिछले 12 वर्षों में करीब ₹1,100 करोड़ खर्च किए गए हैं। वर्तमान में हरियाणा में 2,000 खेल नर्सरियां और 25 खेल अकादमियां संचालित हो रही हैं।
खेल अकादमियों में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे खिलाड़ियों को प्रतिदिन ₹500 का डाइट भत्ता दिया जाता है। वहीं, 8 से 14 वर्ष आयु वर्ग के खिलाड़ियों को ₹1,500 प्रतिमाह और 15 से 19 वर्ष आयु वर्ग के खिलाड़ियों को ₹2,000 प्रतिमाह छात्रवृत्ति उपलब्ध कराई जा रही है।
पंचकूला में आधुनिक प्रशिक्षण केंद्र
मुख्यमंत्री ने बताया कि पंचकूला में लगभग ₹10 करोड़ की लागत से उत्तर भारत का पहला अत्याधुनिक वैज्ञानिक प्रशिक्षण एवं पुनर्वास केंद्र स्थापित किया गया है, जहां खिलाड़ियों को आधुनिक खेल विज्ञान आधारित सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
खेल और फिटनेस पर जोर
नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा का खेल मॉडल केवल पदक जीतने तक सीमित नहीं है, बल्कि युवाओं में फिटनेस और अनुशासन को बढ़ावा देने का भी माध्यम है। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहकर खेलों को अपनाने की अपील करते हुए कहा कि राज्य सरकार नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर काम कर रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरियाणा को भविष्य के राष्ट्रमंडल और ओलंपिक खेलों के लिए नई पीढ़ी के खिलाड़ियों को तैयार करने का लक्ष्य दिया है और राज्य इस दिशा में लगातार कार्य कर रहा है।





