चीन बना रहा सुपरप्लेन अमेरिका का डिजाइन चुरा

चीन अपनी क्रिएटिविटी के लिए जाना भी जाता है और बदनाम भी होता है. कोरोना को चीन के एक्सपेरिमेंट का हिस्सा बताया जा रहा है. चीन ने अगर जानते हुए दुनिया को तबाह करने के लिए इस वायरस को बनाया था तो वो इसमें कामयाब हो चुका है. हालांकि, चीन ने अभी तक इस बात को नहीं माना है. अब चीन एक नया इन्वेंशन करने में जुटा है. चीन एक ऐसा प्लेन बनाने की तैयारी में है जो आपको दुनिया के किसी भी कोने में मात्र एक घंटे में पहुंचा देगा. ये प्लेन पालक झपकते ही नजरों से ओझल होने की खासियत के साथ बनाया जा रहा है.
इस हाइपरसोनिक प्लेन में एक बार में 10 लोग ट्रेवल कर पाएंगे. ये प्लेन एक घंटे में 12 हजार mph की स्पीड से उड़ेगा. इस सुपरप्लेन के प्रोटोटाइप की फोटोज शेयर की गई है जिसमें देखा जा सकता है कि इसके डेल्टा विंग्स आम प्लेन से अलग हैं. इसमें इस्तेमाल ऐरोडाइनैमिक डिजाइन की वजह से ये साउंड की स्पीड से भी पांच गुना तेज उड़ेगा. भविष्य में इसे 100 सीटर बनाने का प्लान है लेकिन अभी इसमें 10 लोग सफर कर पाएंगे.
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की खबर के मुताबिक़, ये प्लेन बोइंग 737 से भी बड़ा होगा और इसमें दो एयर इंजन्स लगाए जाएंगे. इस सुपरप्लेन का डिजाइन 20 साल पहले नासा के चीफ इंजिनियर ने तैयार किया था. लेकिन उस समय इसे अमेरिकी सरकार ने बेहद महंगा बताकर रिजेक्ट कर दिया था. 1990 के दशक में मिंग हन टंग्स ने इसके डिजाइन पर काम शुरू किया था लेकिन ये कभी आगे नहीं बढ़ पाया.
अब चीन ने इसपर काम फिर से शुरू किया है और उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही इसमें सफलता मिल जाएगी. इसे बनाने वाले डेवेलपर्स ने इसकी टेस्टिंग भी शुरू कर दी है. कहा जा रहा है कि इसके परफॉर्मेंस को हाई एल्टीट्यूड में टेस्ट किया गया है जिसमें सफलता मिल चुकी है. अभी साउंड से 6 गुना अधिक स्पीड पर प्लेन के कुछ हिस्से गर्म हो जा रहे हैं. इस वजह से अभी इसके प्रेशर और हीट कंट्रोल पर काम करना बाकी है. अगर साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की खबर पर यकीन करें तो 2025 तक ये प्लेन लोगों के लिए अवेलेबल होगा. इसके बाद कहीं भी आने जाने में सिर्फ एक घंटे का समय लगेगा.





