UP के इस कृषि विश्वविद्यालय में पहली बार शुरू हो रहे 30 से ज्यादा वोकेशनल कोर्स, जानिए कैसे मिलेगा दाखिला?
कृषि विश्वविद्यालय के ये कोर्स उन युवाओं के लिए भी एक बेहतरीन मौके की तरह होंगे, जो अपने करियर को लेकर चिंतित हैं.
मेरठ: अगर आप वोकेशनल कोर्स करने का विचार कर रहे हैं, लेकिन समझ नहीं आ रहा कि कहां से करें तो यह खबर आपके बेहद काम की हो सकती है. दरअसल, सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय 30 से अधिक शॉर्ट-टर्म और वोकेशनल कोर्सेज की शुरुआत करने जा रहा है, जिसमें कोई भी एडमिशन ले सकेगा. ये कोर्स अलग-अलग विषयों से जुड़े हैं, जो छात्रों के लिए काफी मददगार साबित होंगे.
कृषि विश्वविद्यालय के ये कोर्स उन युवाओं के लिए भी एक बेहतरीन मौके की तरह होंगे, जो अपने करियर को लेकर चिंतित हैं. इनके माध्यम से युवा अपनी रुचि के अनुसार भविष्य में आगे बढ़ने की नई राह चुन सकेंगे. विश्वविद्यालय के वीसी डॉ. त्रिवेणी दत्त के निर्देश पर ये पहल की जा रही है. इसमें सिखाया जाएगा कि किसान अपने उत्पादों का कैसे वैल्यू एड करके और बेहतर बनाएं. इसके अलावा भी कई कोर्स होंगे.
विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. वीपी सिंह ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य छात्रों को पढ़ाई के साथ-साथ रोजगार के लिए तैयार करना है. इन कोर्सेज के माध्यम से युवाओं को शिक्षा के साथ-साथ स्किल्स भी सिखाई जाएगी, जिससे उन्हें आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी. इन कोर्सेज में नेचुरल फार्मिंग, ऑर्गेनिक फार्मिंग, मिलेट्स प्रोडक्ट्स और वैल्यू एडिशन से जुड़े विषय पढ़ाए जाएंगे. इसके साथ ही दुग्ध उत्पादों की गुणवत्ता और उनकी वैल्यू एडिशन बढ़ाने की तकनीक भी सिखाई जाएगी. इसी तरह मधुमक्खी, मछली पालन आदि की भी जानकारी दी जाएगी. वहीं, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का किस क्षेत्र में कैसे इस्तेमाल कर सकते हैं. इस पर भी विशेष कोर्स डिजाइन किया जा रहा है
कम से कम रखी जाएगी फीस
इसी प्रकार डेटा साइंस, डिजिटल मार्केटिंग पर भी युवा शार्ट टर्म कोर्स कर सकेंगे. इसका शेड्यूल तैयार किया जा रहा है, जो पहले कॉलेज स्तर पर चालू होगा, फिर विश्वविद्यालय में कराया जाएगा. ये सभी कोर्सेज डिजाइन किए जा रहे हैं. जल्द ही इनकी जानकारी विश्वविद्यालय के पोर्टल और अलग- अलग अपने कैम्पस के महाविद्यालयों की साइट्स पर उपलब्ध कराया जाएगा.
कृषि विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार वीपी सिंह ने बताया कि प्रवेश की प्रक्रिया को लेकर भी योजना बनाई जा रही है. इसमें प्रथम आओ, प्रथम पाओ के आधार पर और मेरिट के आधार पर प्रवेश दिया जाएगा. इनकी फीस भी कम से कम रखी जाएगी. शार्ट टर्म कोर्स की समय अवधि न्यूनतम एक सप्ताह और अधिकतम 30 से 45 दिन होगी. विश्वविद्यालय की तरफ से शुरू किए जा रहे इन वोकेशनल कोर्सेज में स्टूडेंट्स के अलावा भी ऐसे लोग दाखिला ले सकेंगे, जो खुद को आत्मनिर्भर बनाना चाहते हैं. फिलहाल इन कोर्सेज को लेकर इसी माह के अंत तक पूरी प्लानिंग सार्वजनिक कर दी जाएगी.

