अमरनाथ यात्रा 2026 रजिस्ट्रेशन शुरू: जानें प्रक्रिया, फीस, रूट और जरूरी नियम
3 जुलाई से शुरू होगी यात्रा, श्रद्धालुओं में उत्साह; ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों विकल्प उपलब्ध
Punjab:अमरनाथ यात्रा 2026 के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया (रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया)आज से शुरू हो गई है। 3 जुलाई से शुरू होने वाली इस पवित्र यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। पहले ही दिन देशभर के कई बैंकों के बाहर लंबी कतारें लगीं।
प्रशासन ने इस बार भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना जताई है। इसे देखते हुए सुरक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं।
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📍 यात्रा के दो प्रमुख मार्ग
अमरनाथ यात्रा के लिए श्रद्धालु दो रास्तों में से किसी एक का चयन कर सकते हैं:
- पहलगाम मार्ग: यह पारंपरिक मार्ग है, जिसकी कुल दूरी लगभग 46 किलोमीटर है। यह रास्ता अपेक्षाकृत आसान है, लेकिन यात्रा में अधिक समय लगता है।
- बालटाल मार्ग: यह छोटा रास्ता है, जिसकी दूरी करीब 14 किलोमीटर है। हालांकि, यह मार्ग ज्यादा खड़ा और कठिन माना जाता है।
📝 रजिस्ट्रेशन कैसे करें
श्रद्धालु अपनी सुविधा के अनुसार ऑनलाइन या ऑफलाइन दोनों तरीकों से पंजीकरण कर सकते हैं:
- ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन:
श्रद्धालु श्राइन बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट या मोबाइल ऐप के जरिए आवेदन कर सकते हैं। इसमें फोटो और हेल्थ सर्टिफिकेट अपलोड करना जरूरी है। - ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन:
देशभर की अधिकृत बैंक शाखाओं में जाकर पंजीकरण कराया जा सकता है। यहां ‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर परमिट जारी किए जाते हैं। - रजिस्ट्रेशन फीस:
प्रति व्यक्ति ₹150 निर्धारित की गई है।
⚠️ जरूरी दस्तावेज और नियम
यात्रा की कठिनाई को देखते हुए कुछ जरूरी नियम तय किए गए हैं:
- 8 अप्रैल 2026 के बाद जारी किया गया अनिवार्य स्वास्थ्य प्रमाण पत्र (CHC) होना जरूरी है
- केवल 13 से 70 वर्ष के लोग ही यात्रा कर सकते हैं
- 6 सप्ताह से अधिक गर्भवती महिलाओं को अनुमति नहीं
- रजिस्ट्रेशन के बाद RFID कार्ड लेना अनिवार्य, बिना इसके यात्रा की अनुमति नहीं मिलेगी
🛡️ प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने कड़े इंतजाम किए हैं। सभी प्रमुख पड़ावों पर मेडिकल और सुरक्षा टीम तैनात की जाएगी।





