चंडीगढ़। पंजाब भाजपा के कार्यकारी प्रधान अश्वनी शर्मा ने कहा है कि चंडीगढ़ में पार्टी के प्रदेश कार्यालय पर हुआ हमला पंजाब में थानों के अंदर फट रहे ग्रेनेडों का ही परिणाम है। उन्होंने कहा कि पार्टी का प्रदेश कार्यालय भले ही चंडीगढ़ में स्थित हो लेकिन उसके सुरक्षा की जिम्मेदारी पंजाब पुलिस की ही है।
क्योंकि यह पंजाब भाजपा का कार्यालय है। पंजाब पुलिस के चार सुरक्षाकर्मी और चार होमगार्ड भी यहां पर हैं। सीआरपीएफ तो अतिरिक्त रूप से लगी है। घटनास्थल का मुआयना करने के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए शर्मा ने कहा कि कुछ अलगाववादी ताकतें खासकर आम आदमी पार्टी को पंजाब में भाजपा के बढ़ रहा राजनीतिक आधार हजम नहीं हो रहा है।
उन्होंने कहा कि शरारती तत्वों ने ग्रेनेड को भाजपा कार्यालय के अंदर फेंकना था, लेकिन जल्दबाजी में वह बाहर फेंक बैठे। उन्होंने कहा कि यह घटना उस दिन हुई जब 1984 सिख नरसंहार की लड़ाई लड़ने वाले आप के पूर्व विधायक एचएस फूलका ने भाजपा ज्वाइन किया। इससे पहले भी कई पंथक नेता पार्टी में आ चुके हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रविदास जयंती के मौके पर डेरा बल्ला पहुंचे तो 14 मार्च को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की रैली में भारी संख्या में पंजाब के लोग शामिल हुए। इसे देख शरारती तत्व घबरा गए हैं, लेकिन उन्हें पता नहीं कि भाजपा न डरती हैं, न रुकती हैं और न झुकती है। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि मौजूदा सरकार की बुनियाद पंजाब को तोड़ने वालों का सहारा लेकर रखी गई है।
2017 में विधानसभा चुनाव के दौरान आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू का पत्र और बाद में वीडियो सामने आया था, जिसमें उसने कहा कि दोनों ही चुनाव में कट्टरपंथियों ने आप का समर्थन किया। सरकार बनने के बाद पन्नू ने वीडियो में कहा था कि अब पंजाब में आप हमारा एजेंडा लागू करे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि घटना चंडीगढ़ में हुई हैं, मेरी कोई जिम्मेवारी नहीं हैं।
मुख्यमंत्री की जिम्मेवारी तो 2022 में खुफिया विभाग के मुख्यालय पर हुए आरपीजी अटैक के दौरान भी नहीं थी। पंजाब में पुलिस थानों पर हुए ग्रेनेड हमले के दौरान भी मुख्यमंत्री की कोई जिम्मेवारी नहीं थी। शर्मा ने मुख्यमंत्री भगवंत मान से सवाल किया कि आखिर जब भी डॉ. भीम राव अंबेडकर की जयंती करीब आती हैं तो उनकी मूर्ति तोड़ने की घटना क्यों होती है।
पिछले साल फिल्लौर में तो इस बार होशियारपुर में डॉ. आंबेडकर जी की मूर्ति तोड़ने की घटना हुई। इसके पीछे भी अलगाववादी ताकतों का हाथ है। चंडीगढ़ स्थित पंजाब भाजपा कार्यालय के बाहर हुए बम धमाके के बाद पुलिस ने प्रदेश के कार्यकारी अध्यक्ष विधायक अश्वनी शर्मा के घर की सुरक्षा बढ़ा दी है।