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अखिलेश होते तो जिन्ना के नाम पर होता विश्वविद्यालय

उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने विश्वविद्यालय के शिलान्यास कार्यक्रम में एक बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि अगर अखिलेश होते तो वह विश्वविद्यालय का नाम मां शाकंभरी देवी नहीं, बल्कि जिन्ना के नाम पर रखते।  सहारनपुर में गुरुवार को विश्वविद्यालय के शिलान्यास कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने मंच से प्रदेश में रहीं पूर्व की सरकारों के घेरने में कसर नहीं छोड़ी। उन्होंने कहा उनकी सरकार ने विश्वविद्यालय का नाम मां शाकंभरी देवी के नाम पर रखा है, लेकिन यदि अखिलेश होते तो वह विश्वविद्यालय का नाम मां शाकंभरी देवी नहीं, बल्कि जिन्ना के नाम पर रखते।  उप मुख्यमंत्री ने कहा विश्वविद्यालय 50.43 एकड़ भूमि पर बन रहा है, इसके लिए पहले चरण में 92 करोड़ रुपये जारी किए गए। उन्होंने कहा कि पहले चरण का कार्य 18 माह में पूर्ण करने का लक्ष्य रखा है। यानी जून 2023 तक पहला चरण पूरा होगा। विश्वविद्यालय से सहारनपुर मंडल के सहारनपुर जनपद के अलावा मुजफ्फरनगर और शामली के 264 महाविद्यालय जुड़ेंगे।

डिप्टी सीएम ने बड़ी घोषणा – उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विश्वविद्यालय में रोजगार परक शिक्षा दी जाएगी, जिसमें फार्मेसी से लेकर, टेक्निकल और कंप्यूटर से जुड़ी शिक्षा शामिल रहेगी। ताकि विद्यार्थी पढ़ाई पूरी करते ही नौकरी के लिए तैयार हो। उन्होंने घोषणा कर बताया कि अनुसूचित जाति के 40 लाख विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति पुन: शुरू कर दी गई है। दावा किया कि योगी सरकार में प्रदेश के 4.5 लाख युवाओं को रोजगार दिया गया। उन्होंने कहा कि योगी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार में प्रदेश की अर्थ व्यवस्था 22 लाख करोड़ पर पहुंच गई है, जो पहले 11 लाख करोड़ की थी।

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